शाजापुर पुलिस को महिला अपराधों पर दिया विशेष प्रशिक्षण:डीपीओ और एडीपीओ ने सिखाए विवेचना और एफआईआर लेखन के गुर

शाजापुर जिले में महिला संबंधी अपराधों की प्रभावी जांच और सही एफआईआर लेखन के लिए एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पुलिस कंट्रोल रूम में डीपीओ और एडीपीओ प्रतीक श्रीवास्तव ने पुलिसकर्मियों को महिला अपराधों से जुड़े कानूनी प्रावधान, एफआईआर लिखने की सही प्रक्रिया और जांच में आम गलतियों से बचने के तरीके बताए। उन्होंने सही धाराओं के चयन और विवेचना की गुणवत्ता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया। महिला अधिकारों और संवेदनशील व्यवहार पर जोर एसडीओपी शाजापुर अजय मिश्रा और सुंदरसी थाना प्रभारी मनीषा शर्मा सहित जिले की महिला पुलिस अधिकारी भी प्रशिक्षण में मौजूद रहीं। प्रशिक्षण में महिला अपराधों के मामलों में पीड़ित के अधिकारों की सुरक्षा, गोपनीयता बनाए रखने और सम्मानजनक व्यवहार करने पर जोर दिया गया। इन विषयों पर दिया प्रशिक्षण पुलिसकर्मियों को पॉक्सो, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना सहित अन्य संबंधित अधिनियमों के प्रावधानों की जानकारी दी गई। साथ ही मेडिकल परीक्षण, बयान दर्ज करना, साक्ष्य संकलन, केस डायरी लेखन और तकनीकी साक्ष्यों के सही उपयोग के तरीके समझाए गए। प्रशिक्षण का उद्देश्य पुलिसकर्मियों को महिला अपराधों के मामलों में अधिक सक्षम बनाना और त्वरित, निष्पक्ष और न्यायसंगत कार्रवाई सुनिश्चित करना रहा।

शाजापुर पुलिस को महिला अपराधों पर दिया विशेष प्रशिक्षण:डीपीओ और एडीपीओ ने सिखाए विवेचना और एफआईआर लेखन के गुर
शाजापुर जिले में महिला संबंधी अपराधों की प्रभावी जांच और सही एफआईआर लेखन के लिए एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पुलिस कंट्रोल रूम में डीपीओ और एडीपीओ प्रतीक श्रीवास्तव ने पुलिसकर्मियों को महिला अपराधों से जुड़े कानूनी प्रावधान, एफआईआर लिखने की सही प्रक्रिया और जांच में आम गलतियों से बचने के तरीके बताए। उन्होंने सही धाराओं के चयन और विवेचना की गुणवत्ता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया। महिला अधिकारों और संवेदनशील व्यवहार पर जोर एसडीओपी शाजापुर अजय मिश्रा और सुंदरसी थाना प्रभारी मनीषा शर्मा सहित जिले की महिला पुलिस अधिकारी भी प्रशिक्षण में मौजूद रहीं। प्रशिक्षण में महिला अपराधों के मामलों में पीड़ित के अधिकारों की सुरक्षा, गोपनीयता बनाए रखने और सम्मानजनक व्यवहार करने पर जोर दिया गया। इन विषयों पर दिया प्रशिक्षण पुलिसकर्मियों को पॉक्सो, घरेलू हिंसा, दहेज प्रताड़ना सहित अन्य संबंधित अधिनियमों के प्रावधानों की जानकारी दी गई। साथ ही मेडिकल परीक्षण, बयान दर्ज करना, साक्ष्य संकलन, केस डायरी लेखन और तकनीकी साक्ष्यों के सही उपयोग के तरीके समझाए गए। प्रशिक्षण का उद्देश्य पुलिसकर्मियों को महिला अपराधों के मामलों में अधिक सक्षम बनाना और त्वरित, निष्पक्ष और न्यायसंगत कार्रवाई सुनिश्चित करना रहा।