मंडला में हाथियों ने मचाया उत्पात, 3 घर तोड़े:एक बैल घायल, ग्रामीण इलाके में रातभर किया हंगामा; विधायक ने ठोस कदम उठाने की मांग
मंडला में हाथियों ने मचाया उत्पात, 3 घर तोड़े:एक बैल घायल, ग्रामीण इलाके में रातभर किया हंगामा; विधायक ने ठोस कदम उठाने की मांग
मंडला जिले के मोतीनाला वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम बिलाईखार में रविवार रात हाथियों ने जमकर हंगामा किया। हाथियों ने गांव में घुसकर तीन घरों को नुकसान पहुंचाया और एक बैल को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। हाथी शाम के समय फेन अभ्यारण्य क्षेत्र से मोतीनाला के ग्रामीण इलाके में आए थे। रात भर गांव में हाथियों का हंगामा चलता रहा, जो सोमवार सुबह करीब 5 बजे तक जारी रहा। इसके बाद हाथी वापस फेन अभ्यारण्य के जंगलों की ओर लौट गए। हाथियों की मौजूदगी से पूरे गांव में दहशत फैल गई और ग्रामीण इकट्ठा हो गए। डीएफओ ने बताया महुए की खुशबू से हाथी होते हैं आकर्षित डीएफओ प्रीता एस एम ने बताया कि हाथी घरों में रखे महुए की खुशबू से आकर्षित होते हैं और उसकी तलाश में घरों को नुकसान पहुंचाते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि हाथियों के गांव में आने की जानकारी पर पुलिस और वन विभाग की टीम ने कुछ परिवारों की महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। फिलहाल, नुकसान का आकलन किया जा रहा है। देखिए घटनास्थल की तस्वीरें... विधायक ने ठोस कदम उठाने की मांग की इस घटना के बाद बिछिया विधायक नारायण सिंह पट्टा ने प्रशासन से इस समस्या पर ठोस कदम उठाने की मांग की। उन्होंने कहा कि हर साल इस मौसम में वनांचल के किनारे बसे गांवों में हाथियों का आतंक रहता है। विधायक ने प्रभावित परिवारों को शीघ्र आर्थिक सहायता और मकान निर्माण में मदद देने की भी मांग की। हाथियों के हमले में माखन सिंह मरावी के मवेशी रखने का स्थान (सार) टूट गया, जिससे अंदर बंधा एक बैल गंभीर रूप से घायल हो गया। दल सिंह मरावी का एक कमरा पूरी तरह टूट गया, वहीं दूसरे कमरे की दीवार को भी क्षति पहुंची है। बबलू भरेवा का कमरा भी क्षतिग्रस्त हुआ है। वन विभाग की टीम फिलहाल मौके पर मौजूद है और ग्रामीणों से बातचीत कर हुए नुकसान का विस्तृत आकलन कर रही है।
मंडला जिले के मोतीनाला वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम बिलाईखार में रविवार रात हाथियों ने जमकर हंगामा किया। हाथियों ने गांव में घुसकर तीन घरों को नुकसान पहुंचाया और एक बैल को गंभीर रूप से घायल कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। हाथी शाम के समय फेन अभ्यारण्य क्षेत्र से मोतीनाला के ग्रामीण इलाके में आए थे। रात भर गांव में हाथियों का हंगामा चलता रहा, जो सोमवार सुबह करीब 5 बजे तक जारी रहा। इसके बाद हाथी वापस फेन अभ्यारण्य के जंगलों की ओर लौट गए। हाथियों की मौजूदगी से पूरे गांव में दहशत फैल गई और ग्रामीण इकट्ठा हो गए। डीएफओ ने बताया महुए की खुशबू से हाथी होते हैं आकर्षित डीएफओ प्रीता एस एम ने बताया कि हाथी घरों में रखे महुए की खुशबू से आकर्षित होते हैं और उसकी तलाश में घरों को नुकसान पहुंचाते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि हाथियों के गांव में आने की जानकारी पर पुलिस और वन विभाग की टीम ने कुछ परिवारों की महिलाओं और बच्चों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। फिलहाल, नुकसान का आकलन किया जा रहा है। देखिए घटनास्थल की तस्वीरें... विधायक ने ठोस कदम उठाने की मांग की इस घटना के बाद बिछिया विधायक नारायण सिंह पट्टा ने प्रशासन से इस समस्या पर ठोस कदम उठाने की मांग की। उन्होंने कहा कि हर साल इस मौसम में वनांचल के किनारे बसे गांवों में हाथियों का आतंक रहता है। विधायक ने प्रभावित परिवारों को शीघ्र आर्थिक सहायता और मकान निर्माण में मदद देने की भी मांग की। हाथियों के हमले में माखन सिंह मरावी के मवेशी रखने का स्थान (सार) टूट गया, जिससे अंदर बंधा एक बैल गंभीर रूप से घायल हो गया। दल सिंह मरावी का एक कमरा पूरी तरह टूट गया, वहीं दूसरे कमरे की दीवार को भी क्षति पहुंची है। बबलू भरेवा का कमरा भी क्षतिग्रस्त हुआ है। वन विभाग की टीम फिलहाल मौके पर मौजूद है और ग्रामीणों से बातचीत कर हुए नुकसान का विस्तृत आकलन कर रही है।